Saturday, June 23, 2018

RURAL Meaning in Hindi and English - रूरल का हिंदी इंग्लिश मतलव

Rural Meaning in Hindi and English : फ्रेंड्स आज हम जानेगे रूरल का हिंदी इंग्लिश मतलव(मीनिंग). यहाँ संक्षेप और विस्तार रूप को उदाहरण के साथ Area को बताया गया है तो समय ना गवाते हुये Meaning of Rural in Hindi and English को पूरा पढ़ते है.

Rural Meaning in Hindi and English :


मीनिंग ऑफ़ रूरल इन हिंदी -

Noun
 - गंवारू.
 - देहाती.
 - गांव का.

मीनिंग ऑफ़ रूरल इन इंग्लिश - 

Adjective
1. Living in or characteristic of farming or country life.

Examples
- Large rural households.
- Unpaved rural roads.

2. Of or relating to the countryside as opposed to the city.

Example
- Rural free delivery.

दोस्तों आपने उपर रूरल का हिंदी इंग्लिश मतलव जान ही लिया होगा. क्या आप इसे और विस्तार से जानना चाहते है आपको इसे एक बार जरुर पढ़ लेना चाहिए क्योकि यहाँ हमने सभी मतलवो के उपयोग, प्रभाव को थोड़ा और ज्यादा डिटेल्स में पेश किया है. तो चलिए शुरू करते है.

Rural Meaning in Hindi and English


What is the Meaning of Rural in Hindi and English :


इनके मीनिंग का वर्णन -

- गंवारू, शब्द को हम उस पर्सन से रिलेट कर पायेंगे जो गाँव में रहने के साथ पढ़ा लिखा भी नही है. गावो में इस प्रकार के लोग ज्यादा उम्र वाले हमारे दादा परदादा ही होते है चूकी वे पुराने समय के होने के कारण पढाई-लिखाई को ज्यादा मान्यता ना देकर केवल गावो में खेती करने को अधिक महत्व देते थे.

और उस समय इतना पढ़ने का क्रेज भी नही था क्योकि सभी को खेती ही करना था और खेती में पढ़ाई की कोई जरूरत महसूस नही की जाती थी. उस समय इन्हें नही माना जाता था लेकिन आज की जनरेसन पढ़ लिखकर इन्हें अनपढ़ मानती है. पहले और अब में करीब 50 से 70 सालो का ही अंतर है. ये अधिकतर गावो में ही पाए जाते है.

- देहाती, का मतलव इस श्रेणी में वे लोग आते है जो पढ़े लिखे तो है लेकिन गावो में रहकर छोटी - मोटी नौकरी या धंधे करके अपना जीवन यापन कर रहे है. ये जनरेसन नयी ही है जो पढ़ी - लिखी है और खेती के साथ - साथ दूसरे कई प्रकार के तरीको से भी इनकम जनरेसन करके अपने परिवार का लालन - पालन करती आ रही है.

देहाती लोग आजकल शहरों में काम की तलाश के चलते बहुत जगहों पर दिखाई पड़ते है. आज भी बहुत सी फैमिली जो गावो के इलाको में रहती है वहां स्कूल की अच्छी व्यवस्था या कोई शाला ही नही पायी जाती है. इसके चलते उनकी पढ़ाई में काफी बांधा आती है.  इन कारणों से लड़के तो किसी तरह पढ़ - लिख लेते है लेकिन लड़कियों को दूर या बाहर भेजकर पढ़ाना मुश्किल प्रतीत होता है जिससे यहाँ लड़कियों के पढ़ने की तादाद कम ही पायी गयी.

- गाँव का, इस श्रेणी में दोनों ही पढ़े लिखे और अनपढ़ शामिल है पर अधिक मात्रा में पढ़े लिखे ही आते है ये जनरेसन गावो में खेती की बजाये शहरों में अधिक मिलती है ये लोग या तो अच्छी नौकरी या बिज़नेस करते पाए जाते है हालाकि ये गाँव से है लेकिन पढ़ा होने के चलते इन्हें गाँव का बोल सकते है. 

माना ये लोग छोटी जगह से निकले हुये होते है लेकिन इनमे विश्वास, उम्मीद और कुछ कर गुजरने का जज्बा भी भरपूर मात्रा में देखा गया. पुराने अनपढ़ और इन नए ज़माने के लोगो में बस इनकी सोच का काफी अंतर देखने को मिलता है अपनी सोच के चलते एक प्रोफेसनल लूक के साथ बड़ी कंपनियों में कार्यरत हो पाते है.

इनकी ये सोच केबल आज के ज़माने के साथ चलते हुये पढ़ने लिखने से बनी हुई है पर पुराने अनपढ़ बुरे नही हो जाते है यदि वे पढ़ नही पाए वो इसमें उनकी गलती नही है. पहले जमाना ही कुछ ऐसा चल पा रहा था.

इनके प्रभाव -

- गंवारू, शब्द का सोसाइटी, देश, परिवार आदि सभी के विकास में रूकावट की तरह है. मतलव नया कुछ बदलाब और विकास पढ़ी - लिखी सोच का नतीजा सावित होती है. पढ़ाई का महत्व और प्रभाव दोनों आये दिन देखने को मिल रहे है तभी देश में बहुत से अभियान इसको लेकर चलाये जा रहे ताकि गाँव, शहरों में बच्चा-बच्चा पढ़े लिखे और अपने समाज के जीवन स्तर को ऊँचा उठाकर पुरे देश में नाम रोशन करे. 

आज समय बदल रहा और इसके चलते सभी के लिए शिक्षा ग्रहण करना बहुत महत्वपूर्ण शावित होता है. तभी ये बच्चे आगे चलकर देश को विकास की ओर अग्रसर कर पाएंगे. पढ़ नही पाना कोई अभिशाप नही यह तो पुराने ज़माने में खासकर होता था लेकिन आज देश में हर कोई पढ़ रहा है. अगर भारत की बात करे तो यहाँ शिक्षा का स्तर साल डर साल बड़ रहा है दक्षिण भारत में यह स्तर सबसे ज्यादा पाया गया. 

- देहाती, गाँव में रहने बाली लेकिन पढ़ी आज की युवा पीढ़ी ये कही ना कही समाज के ग्रोथ में अपना योगदान दे रही है. इसका परिणाम आप आज किसी गाँव जाकर देख सकते है क्योकि वहां की जनता जाग्रत हो चूकी है और गावो में सड़क, पुल, सडको की लाइट, पानी, स्कूल की उत्तम व्यवस्था आदि सभी सुख सुविधाये उपलब्ध है. 

इन्हें देखकर भी समझा जा सकेगा. चूकी पहले पढ़ाई में पैसे खर्च होना भी एक कारण था क्योकि पहले लोग केवल खेती पर आश्रित होते थे और आमदनी बहुत ही कम होती थी, लेकिन शिक्षा का लेवल बड़ा और लोग नयी - नयी टेक्नोलॉजी का उपयोग कर उत्पादन बड़ाकर अधिक आमदनी कर अपने बच्चो को बढ़िया स्कूल में पढ़ा पा रहे है. 

- गाँव का, इस श्रेणी में हम अधिक पढ़े - लिखे लोग जो गाँव के रहने वाले जो अब शहरों में रह रहे है, पर इन्हें गाव का ही कहाँ जाता है क्योकि इनका जन्म यही पर हुआ. इस प्रकार के व्यक्ति अधिक पढ़ लिख कर धन कमाने शहरों की ओर चले गए और वहां से धन कमाकर अपने परिवार के जीवन स्तर को बहुत सुधार चुके है.

अच्छे प्रोफेशनल बनने के बाद बहुतो ने उद्योग शुरू किये जिससे आज हम बहुत सी सुविधा जबतक चीजे हमारे जीवन में उपयोग कर ज्यादा सुरक्षित और खुशहाल बना रहे है. इन सबके कारण इनका प्रभाव देश, फैमिली और एक दूसरे के संबंधो पर अधिक देखने को मिला है. अब देश प्रगति की ओर अग्रसर है. 

इन शब्दों के यूज़ -

- गंवारू, शब्द का यूज़ रूरल एरिया में रहने वाले अनपढ़ या बहुत कम पढ़े लिखे लोगो के क्षेत्र के लिए करते है. इसमें अधिकतर बूड़े और मजदुर तबके के लोग दिखाई पड़ते है.

- देहाती, ये गाँव में रहने वाले ऐसे जिन्होंने पढ़ाई की है तो बातो को अच्छे से समझते है लेकिन अपने गावो में काम करते है इनके लिए उपयोग किया जाता है.

- गाँव का, इस शब्द का यूज़ हम उन सभी पर्सन या प्रोफेसनल के लिए करेंगे जो अधिक पढ़ाई करके बड़े - बड़े शहरों के विकास में अपना योगदान दे रहे. 

मुझे उम्मीद है आप इस जानकारी Rural Meaning in Hindi and English से रूरल का हिंदी इंग्लिश मतलव(मीनिंग) को समझ ही गए होंगे. हमने यहाँ पूरा वर्णन किया प्रत्येक मतलव के लिए. इसके अलाबा कुछ प्रश्न Meaning of Rural Area in Hindi and English, What is the Meaning of "Rural" in Hindi भी हल हो चुके होंगे. हमे फॉलो करने के साथ और भी शब्दों को सर्च बॉक्स की मदद से जाने. 

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